नई दिल्ली, जनवरी 3 -- क्या आपने अमेरिकी स्पेशल फोर्स के जवानों की जकड़ में वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो का फोटो देखा? क्या यह तस्वीर आपको दिसंबर 2003 में छपी एक और दर्दनाक चित्र की याद नहीं दिला गई? उस फोटो में सद्दाम हुसैन थे, इसी तरह जकड़े हुए, हतप्रभ और हताश। मादुरो भी सद्दाम की तरह एक संप्रभु देश के निर्वाचित राष्ट्रपति हैं। क्या अंतर्राष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र अमेरिकी हुक्मरानों की सनक के गुलाम हैं? जॉर्ज डब्ल्यू बुश सद्दाम को सूली पर चढ़ाने के बावजूद अपना एक भी आरोप प्रमाणित नहीं कर पाए थे, क्या मादुरो झूठ की इस परंपरा की अगली कड़ी साबित होने जा रहे हैं? अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति डोनाल्ड जे ट्रंप का यह कारनामा आशंकाओं का भरा-पूरा महाकाव्य रचने की कुव्वत रखता है। दशकों से किसी अमेरिकी राष्ट्रपति ने नए साल के पहले ह...