लखीमपुरखीरी, अगस्त 6 -- जंगल से सटे गांवों में जंगली हाथियों की मौजूदगी से गांव वालों को सतर्क करने के लिए वन विभाग अब तकनीकी का सहारा लेगा। हाथी और मानव संघर्ष को रोकने के लिए एनिमल एनक्लोजर डिटेक्शन सिस्टम का प्रयोग किया जाएगा। वन विभाग डिवाइस लगाकर किसानों को हाथियों से सतर्क करेगा। पायलट प्रोजेक्ट के रूप में दुधवा टाइगर रिजर्व के बफर जोन के चार गांवों को चुना गया है। हर दूसरे महीने दुधवा टाइगर रिजर्व से निकले हाथियों का दल फसलें रौंदता है। नेपाल से आने वाले हाथी दुधवा होते हुए पीटीआर तक जाते हैं। कई बार हाथी जंगलों को पार कर पानी आदि की तलाश में गांवों की ओर आ जाते हैं। अब तक हाथियों की आमद पर वन विभाग गांव-गांव जाकर लोगों को सतर्क करता था। अब विभाग उससे दो कदम आगे बढ़कर तकनीक का प्रयोग करेगा। शुरुआत दुधवा टाइगर रिजर्व के बफर जोन से ह...
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