मुजफ्फरपुर, दिसम्बर 26 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। छात्राओं की उपस्थिति 90 मगर इनपर खर्च 45 फीसदी ही किया गया है। कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों में नामांकित बच्चियों की सुविधाओं की समीक्षा की गई। प्रबंध पोर्टल के माध्यम से खर्च राशि की समीक्षा में यह मामला उजागर हुआ है। वित्तीय वर्ष खत्म होने में महज तीन महीने हैं। हाल यह है कि सरकार की ओर से इन बच्चियों के लिए मिली आधी राशि भी खर्च नहीं हुई है। मुजफ्फरपुर का हाल और भी बुरा है। इस जिले में 27 फीसदी ही इन छात्राओं की सुविधाओं पर खर्च किये गये हैं। विभाग ने इसपर नाराजगी जताई है और कहा है कि जब दैनिक उपस्थिति 90 फीसदी छात्राओं की है तो खर्च 45 फीसदी ही कैसे है। इसका मतलब यह है कि इन छात्राओं के जीवन कौशल, करियर बनाने पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। राज्य परियोजना निदेशक नवीन कुमार ने स...