प्रतापगढ़ - कुंडा, अप्रैल 23 -- प्रतापगढ़, संवाददाता। मेडिकल कॉलेज के राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय स्थित ईएनटी विभाग की ओपीडी में तकनीकी विशेषज्ञों की टीम ने अक्तूबर 2024 में ही इंडोस्कोपी मशीन स्थापित कर दी थी। लेकिन यह मशीन अब तक चालू नहीं हो सकी है। गले में कुछ फंसने या अन्य जांच की जरूरत पड़ने पर मरीजों को पहले की तरह अब भी प्रयागराज या लखनऊ रेफर किया जा रहा है। इससे शासन की ओर से इस मशीन पर खर्च किए गए 50 लाख रुपये का मरीजों को कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है। जबकि यह मशीन चालू हो जाए तो मरीजों के गले फंसी वस्तुओं को निकालने से लेकर कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों के लक्षण यहीं पर ट्रेस हो जाएंगे, रेफर करने की जरूरत ही नहीं पड़ेगी। बच्चों के गले में सिक्का, अनाज, खिलौने के टुकड़े आदि फंस जाने पर उनकी जान पर बन आती है। ऐसे मरीजों को समय पर सटीक इला...
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