पटना, अगस्त 25 -- भाकपा माले के महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट को गुमराह किया है, तथ्यों के साथ पोल खोलेंगे। सोमवार को विधायक आवास पर आयोजित प्रेसवार्ता में उन्होंने 98 प्रतिशत लोगों के दस्तावेज मिलन को आंदोलन की जीत करार दिया। यह भी कहा कि वोट कटने के खतरा बरकरार है। उन्होंने कहा कि 22 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई में आयोग ने अदालत को बताया कि राजनीतिक दलों के बीएलए सक्रिय नहीं हैं। आयोग ने यह दावा किया कि एक बीएलए एक दिन में 10 और प्रतिदिन 16 लाख आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं। मगर आयोग ने यह नहीं बताया कि सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद ही 18 अगस्त को राजनीतिक दलों को कारण सहित विलोपन सूची मिली थी। उन्होंने आरोप लगाया कि चार दिन के भीतर यह कहना कि राजनीतिक दल सक्रिय नहीं हैं, सरासर झूठ है...
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