लखनऊ, जून 11 -- चीनी मिलें अपने आसपास के क्षेत्रों में मिट्टी परीक्षण लैब की स्थापना करेंगी और किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड बाटेंगी। मिल क्षेत्र का फर्टिलिटी मैप भी तैयार करेंगी, जिससे किसानों को अपनी मिट्टी की उर्वरता का पता चलेगा और खेतों में उचित उर्वरकों का प्रयोग कर गन्ने की पैदावार बढ़ा सके। इसके साथ ही उर्वरकों का दुरुपयोग रोकने से लागत में कमी लाई जा सकेगी। प्रदेश के आयुक्त, गन्ना एवं चीनी प्रमोद कुमार उपाध्याय ने बताया कि गन्ना किसानों को स्वस्थ एवं उपजाऊ मिट्टी में गन्ने की खेती कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए टिश्यू कल्चर, मृदा परीक्षण और जैव उर्वरक तकनीकी विधाओं को बढ़ावा देने के लिए चीनी मिल समूहों और क्षेत्रीय अधिकारियों के साथ बुधवार को समीक्षा बैठक की गई। इसमें सभी चीनी मिलों को टिश्यू कल्चर, मृदा परीक्षण और जैव ...
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