एटा, अगस्त 27 -- जिले के स्वास्थ्य विभाग में पंजीकृत क्लीनिक-नर्सिग होम और सरकारी चिकित्सकों को मिलाकर करीब 100 चिकित्सक इलाज कर रहे हैं। इसके अलावा 22 लाख की आबादी वाले जनपद में बीमार पड़ने वालों की पहुंच में गली-मोहल्लो, चौराहा-तिराहा पर खुले सैकड़ों अपंजीकृत क्लीनिक हैं। जहां उपचार के नाम पर मरीजों की जान से खिलवाड़ किया जा रहा है। जुलाई, अगस्त सितंबर में स्वास्थ्य विभाग में जनपद में संचालित होने वाले क्लीनिक, नर्सिगहोम का पंजीकरण एवं नवीनकरण कार्य कराया गया। इस दौरान जनपद के लगभग 70 प्राइवेट क्लीनिक, नर्सिंगहोम ने स्वास्थ्य विभाग में पंजीकरण कराया गया है। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग के सीएचसी, पीएचसी पर 33 स्थाई चिकित्सक सेवा दे रहे हैं। इनके सहारे जनपद में आठ सीएचसी, 29 पीएचसी संचालित हो रही हैं। सरकारी, प्राइवेट चिकित्सा केन्द्रों मे...
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