जमशेदपुर, दिसम्बर 9 -- ओबीसी आरक्षण को लेकर सरकार की गंभीरता पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। जमशेदपुर पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू द्वारा विधानसभा में पूछे गए प्रश्न के जवाब में सरकार ने स्वीकार किया कि 2019 में शुरू हुआ आर्थिक एवं सामाजिक सर्वेक्षण कोरोना महामारी के कारण पूरा नहीं हो सका। सरकार के इसी उत्तर को विपक्ष ने उसकी मंशा पर बड़ा प्रश्नचिह्न बताया है। पूर्णिमा साहू ने सरकार के जवाब को हास्यास्पद और बहानेबाजी करार दिया। उन्होंने कहा कि कोरोना खत्म हुए चार साल से अधिक हो चुके हैं, फिर भी सरकार सर्वेक्षण पूरा न होने का कोई ठोस कारण बताने में असफल रही। यह सरकार पिछड़ा विरोधी है। यदि सरकार की नीयत सही होती तो सर्वेक्षण पूरा कर ओबीसी को जनसंख्या के अनुरूप आरक्षण दे दिया जाता। तमिलनाडु में करुणानिधि सरकार ने सामाजिक-आर्थिक सर्वेक्ष...