जमशेदपुर, जून 30 -- आषाढ़ शुक्ल एकादशी को देवशयनी एकादशी कहा जाता है। इसी दिन से चातुर्मास की शुरुआत होती है। इस वर्ष 6 जुलाई को यह व्रत रखा जाएगा। इसी दिन से चार माह के लिए भगवान विष्णु क्षीर सागर में योगनिद्रा में चले जाएंगे। 6 जुलाई से लेकर नवंबर तक भगवान विष्णु विश्राम अवस्था में रहेंगे। 5 जुलाई को भगवान जगन्नाथ की घूरती रथयात्रा और 6 जुलाई को देवशयनी एकादशी का पर्व मनाने के बाद मांगलिक कार्यों पर चार महीने के लिए विराम लग जाएगा। इस बार देवशयनी एकादशी का व्रत 6 जुलाई, रविवार को रखा जाएगा। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह तिथि 5 जुलाई को शाम 6.58 बजे से शुरू होकर 6 जुलाई को रात 9.14 बजे तक रहेगी। उदया तिथि के अनुसार एकादशी 6 जुलाई को ही मानी जाएगी। पुरोहित संतोष त्रिपाठी के अनुसार, इस बार देवशयनी एकादशी पर कई शुभ योग बन रहे हैं, जिनमें पूजन ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.