नई दिल्ली, जुलाई 9 -- कहते हैं कि जिसकी जिंदगी है, उसे कोई नहीं मार सकता है। फिर चाहे उसके ऊपर पहाड़ गिर जाए या वो पहाड़ से गिर जाए। कुछ ऐसा ही हुआ है हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में। यहां बीते दिनों बादल फटने के बाद आई भीषण बाढ़ ने कई घरों को तबाह कर दिया और कई जिंदगियां लील लीं। ऐसी ही एक घटना का शिकार हुईं मंडी की सेराज घाटी में रहने वाली तुनेजा ठाकुर। तुनेजा ठाकुर बाढ़ आने के बाद मलबे में करीब 5 घंटे तक दबी रहीं और खुद को जिंदा रखा। आखिर में मौत हार गई और तुनेजा को जिंदा बचा लिया गया।कैसे बची जिंदा मामला मंडी जिले के सेराज घाटी का है। यहां के शरण गांव में भूस्खलन के कारण एक 20 साल की युवती भारी मलबे के नीचे दब गई। इस दौरान मिट्टी, पत्थर और मलबे के भार के नीचे दबी तुनेजा पर भार बढ़ता ही जा रहा था। मौत को सामने देखकर भी तुनेजा ने हार नही...
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