बांदा, सितम्बर 27 -- बांदा। बुंदेलखंड में खनिज विभाग की अंधेरगर्दी और राजस्व को करोड़ों का चूना लगने की पोल कैग की रिपोर्ट में परत दर परत खुलने का सिलसिला लगातार जारी है। रिपोर्ट में खुलासा किया गया है कि स्टोन क्रशर बिना भंडारण (स्टोरेज) लाइसेंस के चल रहे हैं। दो सैकड़ा से ज्यादा क्रशरों को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की एनओसी तक नहीं मिली। खनिज राजस्व को लाखों रुपये का रोज़ाना चूना लग रहा है। कैग ने बुंदेलखंड समेत प्रदेश के 18 जिलों में खनिज और खनन के खेल उजागर किए हैं। स्टोन क्रेशरों का आलम भी बयां किया है। मंडल में किसी क्रशर के पास लाइसेंस नहीं: चित्रकूट मंडल (बांदा,चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा )सहित प्रदेश के प्रयागराज, सहारनपुर और सोनभद्र जिलों में बिना स्टोरेज (भंडारण) लाइसेंस के क्रशर चल रहे हैं। रिपोर्ट में इनके संचालन का जिक्र किया है। च...
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