अररिया, अप्रैल 2 -- कुर्साकांटा, निज प्रतिनिधि कुर्साकांटा प्रखंड के पगडेरा स्थित चंडीका स्थान में वासंतिक नवरात्र की पूजा-अर्चना 55 वर्षो से अधिक समय से होती आ रही है। पहले यहां झोपड़ी में पूजा-अर्चना होती थी लेकिन वर्ष1987 से पक्का के मकान में होती आ रही है। नवरात्र के अवसर पर भगवती, लक्ष्मी, सरस्वती, कार्तिक, शिव, बजरंगबली आदि की प्रतिमा बनाकर घूम-घाम से पूजा-अर्चना की जाती है। ग्रामीणों की मानें तो इस मंदिर में सच्चे दिल से अराधना करने पर हर मुरीद पुरी होती है। इस मंदिर की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि प्रत्येक माह के शुक्ल पक्ष के अष्टमी में महाभोग सह भंडारा का आयोजन होता है। साथ ही रामचरित मानस का पाठ भी होता है। यही नही नवरात्र के दौरान प्रतिदिन एक लाख शिवलिंग की मूर्ती की पूजा की जाती है। यह शिवलिंग की मूर्ती गांव के प्रत्येक घर से बनक...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.