लखनऊ, फरवरी 6 -- भूमिहीन को जमीन देने के लिए रिपोर्ट लगाने के एवज में 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगने और पहली किस्त के रूप में 10 हजार रुपये लेते गिरफ्तार किए गए सीतापुर के लेखपाल वीरेंद्र कुमार को दोषी ठहराकर भ्रष्टाचार निवारण के विशेष न्यायाधीश अतुल सिंह ने चार साल की कैद और 25 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है। अभियोजन की ओर से बताया गया कि वादी मायाराम ने उप्र सतर्कता अधिष्ठान के पुलिस अधीक्षक को 15 मार्च 2021 को शिकायती अर्जी दी थी। इसमें कहा गया है कि वादी भूमिहीन है और उसने हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की थी, जिसमें हाईकोर्ट ने 15 मार्च 2019 को सीतापुर के उपजिलाधिकारी को आदेश दिया था कि वह वादी की अर्जी पर विचार करके नियमानुसार आदेश पारित कर दें। इसके बाद वादी मायाराम ने 17 जुलाई 2019 को हाईकोर्ट के आदेश की प्रति लगाकर उपजिलाधि...
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