लखनऊ, जुलाई 8 -- पुराणों में ऋषि वशिष्ठ की पुत्री कही गई गोमती नदी को इनसानी दखल गंदा कर रहा है। लखनऊ से पहले धर्मस्थली नैमीषारण्य फिर यहां मनकामेश्वर घाट पर गोमती की आरती होती है। बंधे के पास इसी नदी में सात नालों का गंदा पानी मिल रहा है। सोमवार को कमिश्नर की अध्यक्षता में गोमती की धारा निर्मल बनाने के संबंध में बैठक हुई। बैठक में कमिश्नर ने नालों के छोर पर ग्रिल लगाकर ठोस कचरा नदी में जाने से रोकने का निर्देश दिया। साथ ही कैटल कालोनी से निकलने वाला गोबर नदी में न जाए इसकी व्यवस्था करने को कहा। आयुक्त कार्यालय स्थित सभागार में यह बैठक हुई। कमिश्नर डॉ रोशन जैकब को अधीनस्थ अधिकारियों ने बताया कि 32 नालों का पानी गोमती में गिरता है। इनमें से 26 नालों का पानी अब एसटीपी से साफ किया जा रहा है। कुल 730 एमएलडी पानी गोमती में गिर रहा है। इसमें से...
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