सीवान, जनवरी 31 -- महाराजगंज/ सीवान, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। जिले में पैक्सों के माध्यम से खरीदे गए धान के बदले तैयार चावल की आपूर्ति प्रक्रिया इस बार तकनीकी उलझनों और संसाधनों की कमी की भेंट चढ़ गई है। बिहार राज्य खाद्य निगम द्वारा पारदर्शिता के लिए लागू फोटो अपलोड के नए नियम ने आपूर्ति श्रृंखला की रफ्तार को काफी धीमा कर दिया है। इससे राइस मिलरों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। आईडी-पासवर्ड की कमी बाधा बन गई है। जिले में चावल आपूर्ति के लिए कुल 17 गोदाम चयनित हैं, जिन्हें तीन सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक सेक्टर की जिम्मेदारी एक सहायक गोदाम प्रबंधक के पास है। जिले में कुल तीन फोर-जी कर्मी तैनात हैं, जिन्हें विभाग द्वारा आईडी और पासवर्ड दिया गया है। समस्या यह है कि एक एजीएम के अंतर्गत पांच से छह गोदाम आते हैं। लेकिन, ए...