प्रयागराज, मई 13 -- प्रयागराज। गर्ल्स हाईस्कूल (जीएचएस) में पढ़ने वाली सिंजनी की उम्र महज दस साल है पर उसकी सोच उम्र से कई गुना बड़ी है। वह अपनी प्रिय गुल्लक में जमा की गई धनराशि सेना के उन वीर जवानों को समर्पित करना चाहती है, जो देश की सीमा पर तैनात होकर दुश्मन से लोहा ले रहे हैं। जिनकी वजह से हम बेफिक्र होकर चैन की नींद सो रहे हैं। ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाक के आतंकी ठिकानों को ध्वस्त किए जाने के बाद से जो माहौल बना है, उसे देखते हुए सिंजनी सोमवार को दिन में अपनी गुल्लक अपने छोटे से बैग में रखी और सिविल लाइंस के एनके मुखर्जी मार्ग स्थित अपने घर से साइकिल चलाते हुए दयानंद मार्ग स्थित सेना के दफ्तर पहुंच गई। डिफेंस सर्विसेज ऑफिसर्स इंस्टीट्यूट (डीएसओआई) के गेट पर पहुंचते ही सिंजनी ने अपना गुल्लक निकाला और उसे ड्यूटी पर तैनात सैन्यकर्मी को द...
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