हमीरपुर, दिसम्बर 9 -- मौदहा, संवाददाता। सिजनौड़ा गांव के पास बजरंगधाम में ब्रह्मलीन सन्त बजरंगदास महाराज की पुण्य तिथि पर मंगलवार को संत सम्मेलन का आयोजन किया गया। जिसमें संत-महात्मा एवं विद्वानों ने अपने विचार व्यक्त किए। सम्मेलन की अध्यक्षता करते हुए, लच्छानन्द महाराज ने कहा कि संत कृपा की अनुभूति अपने आपमें ही विशाल अर्थ लिए हुए है। संत वह होते हैं जो अपना उद्धार तो करते ही है, सभी को सही मार्ग भी दिखाता है। भगवान की कृपा होने पर ही संत संग प्राप्त होता है। महन्त काली कमली वाले ने कहा कि मानव का लक्ष्य मोक्ष प्राप्ति होना चाहिए। लेकिन हम अपने लक्ष्य से भटक जाते हैं। संतो के साथ सत्संग करने से ही हमारा कल्याण संभव है। दर्शनानन्द महाराज ने कहा कि गुरु के सानिध्य में जीवन का निर्वाह ही नहीं जीवन का निर्माण किया जाता है। स्वामी रामदेव तीर्थ...