वाराणसी, फरवरी 10 -- वाराणसी, मुख्य संवाददाता। ज्योतिष पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने गाय को राज्यमाता घोषित करने की मांग प्रदेश सरकार से की थी। इसके लिए 40 दिन का समय भी दिया था। सोमवार को दस दिन बीतने के बावजूद इस दिशा में कदम न उठाए जाने पर उन्होंने आक्रोश जताया है। शंकराचार्य घाट स्थित श्रीविद्या मठ में पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने क्षोभ व्यक्त करते हुए कहा कि इस दिशा में सरकार की ओर से कोई पहल न किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। ऐसे में मैंने राष्ट्रीय स्तर पर शास्त्रार्थ कराने की योजना बनाई है। शास्त्रार्थ का विषय 'वेतन बनाम वैराग्य' और 'गेरुआ बनाम गुलाबी (मांस)' रखा गया है। बटुकों से लेकर वयोवृद्ध विद्वान तक अधिकतम आठ मिनट का वीडियो बना कर हमें भेज सकते हैं। पहली मार्च को काशी में इन्हीं विषयों पर...