बिजनौर, दिसम्बर 30 -- गन्ने के साथ आलू एवं अन्य सहफसली खेती को बढ़ावा देने तथा गन्ने का उत्पादन बढ़ाने, कृषि विविधीकरण के उद्देश्य से गन्ना विकास परिषद् स्योहारा के अंतर्गत ग्राम सलाराबाद में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद की संस्था केन्द्रीय आलू अनुसंधान संस्थान मोदीपुरम मेरठ एवं गन्ना विकास विभाग के संयुक्त तत्वावधान में वृहद किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के प्रधान वैज्ञानिक डॉ रावल ने गन्ने के साथ आलू की सहफ़सली खेती को कृषकों की आय बढ़ाने एव भूमि की उर्वरा शक्ति बढ़ाने के लिए अत्यंत उपयोगी बताया । डीसीओ पीएन सिंह ने बसंतकालीन गन्ने के साथ सहफ़सली खेती के लिए कृषि विभाग द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे उर्द था मूंग के बीज संबंध में जानकारी देकर किसानों को अधिकाधिक एरिया में सहफसली खेती को अपनाने के लिए प्रोत्साहि...