बलिया, फरवरी 8 -- बलिया। शहर के कदम चौराहा स्थित छोटी मठिया परिसर में शनिवार की शाम 'गंगा के प्रति राष्ट्र का उत्तरदायित्व' विषयक विमर्श का आयोजन गंगा भक्तों की ओर से किया गया। शुभारंभ भूगोलविद डॉ. कमलाकर तिवारी ने मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर व दीप जलाकर किया। इस दौरान गंगा मुक्ति एवं प्रदूषण विरोधी अभियान के राष्ट्रीय प्रभारी रमाशंकर तिवारी ने कहा कि पर्यावरण की प्रमुख प्रतीक एवं राष्ट्र की सांस्कृतिक धरोहर पतित पावनी गंगा का आर्तनाद अब भी नहीं सुना गया तो प्राकृतिक प्रतिकूलता का सृजन होगा। गंगा पर सिर्फ बतकही करने से बात नहीं बरेगी। गंगा में गिरने वाले गंदे नाले चाहे वह उत्तराखंड में हो या फिर उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और बंगाल में हो उन्हें रोकना राष्ट्रीय जरूरत है। तिवारी ने कहा कि बलिया, बक्सर, गाजीपुर समेत पूर्वाँचल मे...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.