मुंगेर, जनवरी 3 -- टेटियाबंबर, एक संवाददाता। हवेली खड़गपुर प्रखंड अंतर्गत गंगटा पंचायत का दूधपनिया गांव वर्षों से दूषित और फ्लोराइड युक्त पानी पीने को मजबूर है। इस गांव में फ्लोराइड प्रभावित पानी लोगों के लिए अभिशाप बन गया है। हालात ऐसे हैं कि ग्रामीण अपंगता और गंभीर बीमारियों की चपेट में आते जा रहे हैं। बीते एक वर्ष में दिव्यांगता के बाद छह ग्रामीणों की मौत हो चुकी है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। ग्रामीणों की समस्या को देखते हुए प्रशासन ने गांव में एक नया चापाकल लगवाया, लेकिन जांच में उसमें भी फ्लोराइड की मात्रा अत्यधिक पाई गई। इसके बाद चापाकल पर रेड क्रॉस का निशान लगाकर उसके उपयोग पर रोक लगा दी गई। इसके बावजूद भी यदा कदा मजबूरी में कुछ ग्रामीण उस पानी का इस्तेमाल करते नजर आए। मालूम हो कि गंगटा पंचायत का आदिवासी बहुल दूध...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.