मुजफ्फरपुर, जनवरी 24 -- मुजफ्फरपुर, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। वक्त गुजरता गया, मौसम बदलते रहे, लेकिन शहर के लक्ष्मी चौक स्थित उस पूजा पंडाल की यादें मेनका देवी के सीने में आज भी गहरे घाव की तरह ताजा हैं। शुक्रवार को मासूम खुशी के अपहरण के पूरे पांच साल बीत गए। वर्ष 2021 में सरस्वती पूजा के दिन ही पूजा पंडाल से पांच साल की खुशी को गायब कर दिया गया था। शुक्रवार को उसी पंडाल में जब खुशी की मां मेनका देवी अपनी बेटी की तस्वीर को सीने से सटाए पहुंचीं तो वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं। आंखों में आंसुओं का समंदर लिए मां और दादी उमा देवी ने एक बार फिर मां सरस्वती से अपनी बिटिया की सुरक्षित वापसी की गुहार लगाई। पांच वर्षों से इस परिवार ने कोई खुशी नहीं मनाई है। पूरा घर आज भी इस उम्मीद में है कि दरवाजे पर खुशी की दस्तक होगी और उनके वर्षों का इंत...
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