गंगापार, नवम्बर 14 -- क्षेत्र के ग्राम पंचायत पसना मुशहर बस्ती में एक गरीब की झोपड़ी में शुक्रवार दोपहर करीब बारह बजे खाना बनाते समय आग लग गई। देखते ही देखते लपटें विकराल हो गईं। पूरी गृहस्थी और रुपये जलकर राख हो गए। झोपड़ी में सो रहे एक साल के मासूम को एक महिला ने हिम्मत दिखाकर उसे बाहर निकाला। बबलू मुशहर पत्नी सुनीता देवी और बड़ी बेटी के साथ शुक्रवार सुबह गांव के ही एक किसान के यहां धान की कटाई करने गए थे। घर पर उनके तीन बच्चे सात वर्षीय लालजी, चार वर्षीय पाखी के साथ एक वर्षीय छोटू मौजूद था। भूख लगने पर दोपहर बारह बजे के करीब पाखी के साथ लालजी चूल्हे पर चावल पका रहा था। उसी दौरान चूल्हे की आग ने उसकी झोपड़ी को अपनी जद में ले लिया। दोनों बच्चे झोपड़ी के बाहर निकलकर शोर मचाने लगे। जब तक अगल-बगल के लोग पहुंचते सारी गृहस्थी जल गई। बाल बाल ब...