नई दिल्ली, अक्टूबर 15 -- नई दिल्ली, वरिष्ठ संवाददाता। दिल्ली में फर्जी फर्मों के जरिए खरीद-फरोख्त दिखाकर तकरीबन 20 करोड़ रुपये आईटीसी (इनपुट टैक्स क्रेडिट) क्लेम लेने के कई मामले सामने आए हैं। जीएसटी विभाग ने इन मामलों की पड़ताल की तो पाया गया कि इन फर्मों ने ऐसी कई अन्य फर्मों से कारोबार दर्शाया है जो अस्तित्व में ही नहीं है। अब मामले की जांच की जा रही है। मामला तब पकड़ में आया जब जीएसटी की विश्लेषण विंग ने फर्मों की ओर से जमा किए गए 2019-20 के जीएसटी रिटर्न का विश्लेषण किया। इसमें पाया गया कि 2019 में दिल्ली में जीएसटी में पंजीकृत की गई फर्म का चंद दिनों बाद ही रजिस्ट्रेशन निरस्त करा दिया गया। इस अवधि में दो अन्य फर्म की ओर से इस फर्म को माल की आपूर्ति दर्शायी गई, जिसके आधार पर चंद दिनों के लिए पंजीकृत फर्म ने 6 करोड़ का आईटीसी क्लेम ले...
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