औरैया, जनवरी 7 -- कड़ाके की ठंड में गोशालाओं की हकीकत जनपद में कड़ाके की ठंड के बीच गोशालाओं में संरक्षित गोवंशों की स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कहीं अलाव और तिरपाल के जरिए ठंड से बचाव के इंतजाम किए गए हैं, तो कहीं केवल कागजी दावों के सहारे गोवंशों को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है। हरे चारे की कमी, केवल सूखा भूसा, ठंडा पानी और पशु चिकित्सकीय निगरानी के अभाव में कई गोशालाओं में गोवंश बीमार पड़ रहे हैं, जबकि कुछ स्थानों पर मौतों के मामले भी सामने आए हैं। नगर पंचायत से लेकर ग्राम पंचायत स्तर तक बनी अस्थायी गोशालाओं में व्यवस्थाओं का स्तर एक-सा नहीं है। कहीं हीटर लगे हैं तो कहीं टिनशेड के नीचे बिना तिरपाल के गोवंश ठिठुरने को मजबूर हैं। अधिकारियों के निरीक्षण और निर्देशों के बावजूद जमीनी हालात में सुधार सवालों के घेरे में है। सब्जी मं...