नई दिल्ली, मई 27 -- पिछले एक दशक में भारत के कई हिस्सों में औसत तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यह सिर्फ मौसम का बदलाव नहीं है - यह हमारे जीने के तरीके, घरेलू आदतों और यहां तक कि इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों के चुनाव को भी प्रभावित कर रहा है। खासकर जब बात ठंडक की हो, तो आज हर कंज्यूमर का ध्यान जाता है -"कूलर" की ओर। जी हां, क्लाइमेट चेंज अब सिर्फ पर्यावरण का मसला नहीं रहा। यह सीधे आपके कूलिंग चॉइस पर असर डाल रहा है। और यही वजह है कि कूलर अब केवल एक गर्मी से राहत देने वाला प्रोडक्ट नहीं, बल्कि एक स्मार्ट, टिकाऊ और पर्यावरण के अनुकूल विकल्प बन चुका है। बदलते मौसम, बदलती सोच - कूलर बन रहा है कंज्यूमर की पहली पसंद गर्मियों की शुरुआत अब मार्च से हो जाती है और सितंबर तक खिंचती है। तापमान 45degC को पार कर जाता है, और ऐसे में एक ऐसा विकल्प चाहिए जो कि...
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