कानपुर, दिसम्बर 22 -- 165 वर्ष प्राचीन दक्षिण भारतीय प्रयाग नारायण मंदिर शिवाला में 61वीं श्री राम कथा रविवार से शुरू हो गई। कथा व्यास पंडित उमाशंकर ने कौशल्या और दशरथ के प्रसंग से कथा की शुरुआत की। उन्होंने बताया कि कौशल्या ने यदि सुख प्राप्त किया है तो जीवन में संघर्ष को भी स्वीकार कर पूरे परिवार को गरिमा को बनाने का पूरा सफल प्रयास किया है। कथा के पहले दिन व्यास पीठ का परंपरागत पूजन मंदिर अध्यक्ष मुकुल विजय नारायण तिवारी और प्रबंधक अभिनव नारायण तिवारी ने किया। यह 27 दिसंबर तक चलेगी। इस अवसर पर मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। उमा शंकर व्यास ने बताया कि मानस में परस्पर सौहार्द, स्नेह और अपनत्व के संकेत दिए गए हैं। उन्होंने महाराज श्री दशरथ और राजर्षि जनक के परस्पर मिलन का प्रसंग सुनाया। उन्होंने कहा कि राजर्षि जनक महाराज श्री दशरथ क...