नई दिल्ली, फरवरी 21 -- पंजाब कैडर के 1989 बैच के रिटायर आईएएस (IAS) अधिकारी और पंजाब के पूर्व मुख्य सचिव विजय कुमार जंजुआ की मुश्किलें बढ़ गई हैं। केंद्र सरकार ने 16 साल पुराने एक कथित भ्रष्टाचार मामले में उनके खिलाफ मुकदमा चलाने की मंजूरी दे दी है। यह मामला साल 2009 का है जब वी.के. जंजुआ उद्योग एवं वाणिज्य विभाग में निदेशक-सह-सचिव के पद पर तैनात थे। विजिलेंस ब्यूरो ने 9 नवंबर 2009 को जाल बिछाकर उन्हें कथित तौर पर 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ने का दावा किया था। शिकायतकर्ता तुलसी राम मिश्रा के अनुसार, उन्होंने अपने प्लॉट के बगल वाली खाली जमीन के आवंटन के लिए आवेदन किया था, जिसे शुरू में तकनीकी आधार पर खारिज कर दिया गया था। आरोप है कि जंजुआ ने इस काम को करवाने के बदले 6 लाख रुपये की मांग की थी। इसी शिकायत के आधार पर एफआईआर द...
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