चित्रकूट, दिसम्बर 6 -- चित्रकूट। संवाददाता कोषागार घोटाले में एसआईटी ने पूर्व सीटीओ (मुख्य कोषाधिकारी) से करीब तीन घंटे पूछताछ की। पूछताछ के दौरान खासकर पेंशनरों के खाते नंबर बदलकर अनियमित भुगतान पर कई सवाल पूछे गए। पूर्व सीटीओ ने मौजूदा सीटीओ पर पूर्व की तिथि में खाते नंबर बदले जाने की बात कहकर खुद का बचाव किया। इस पर एसआईटी ने दोनों का आमना-सामना भी कराया। वर्ष 2018 से सितंबर 2025 तक कोषागार से 93 पेंशनरों के खातों में अनियमित भुगतान कर 43 करोड़ 13 लाख रुपये का गबन हुआ है। इस मामले में मौजूदा कोषाधिकारी ने चिन्हित 93 पेंशनरों के साथ ही चार कोषागार कर्मियों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कराया था। एसआईटी इस पूरे मामले की करीब डेढ़ माह से छानबीन कर रही है। अभी तक एसआईटी की जांच के घेरे में कोषागार कर्मचारी ही रहे हैं। पेंशनरों की मूल पत्रावलियो...