गंगापार, अप्रैल 23 -- ब्लॉक की 17 गोशालाओं में लगभग 3500 रखे पशुओं की तपती गर्मी में शामत है। कहने के लिए तो छाये के रूप में टीन शेड की व्यवस्था की गई है लेकिन यह टीन शेड खुद तप रहे हैं। तपते टीन शेड के कारण इसके नीचे बैठे पशु भी धूप की ओर भाग जाने को विवश हैं। कमजोर पशु तो हांफते नजर आते हैं। कपुरी बढैया, पसना बेलहट, बेलवनियां, किहुनी कला, बड़ोखर, देवघाट और महुली की गोशालाएं पहाड़ियों के किनारे हैं, जहां सुबह आठ बजे के बाद शाम छह बजे तक पहाड़ियां धधकती रहती हैं। पिछले तीन दिनों से चलती लू के कारण ब्लॉक की आधा दर्जन से अधिक गोशालाओं पसना, कपुरी, बेलहट बेलवनिया, बढ़वारी कला और बड़ोखर में पशुओं के पीने के पानी की समस्या शुरू हो गई है। इनमें से अधिकांश में टैंकर से पानी लाकर चरनी में डालकर पशुओं की प्यास बुझाई जाती है।
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