लखीमपुरखीरी, फरवरी 25 -- ईंट-भट्ठा उद्योग वर्षों से जिले के बुनियादी ढांचे और निर्माण क्षेत्र की रीढ़ रहा है। यह उद्योग न केवल भवन निर्माण के लिए जरूरी ईंटों की आपूर्ति करता है बल्कि हजारों श्रमिकों को भी रोजगार प्रदान करता है। हालांकि हाल के वर्षों में इस उद्योग को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। कारोबारियों ने बताया कि सरकारी सप्लाई में गई ईंटों के मूल्य का समय से भुगतान नहीं होता। जिला उद्योग बंधु की बैठकों में जो समस्याएं उठाई जाती हैं, उनका भी निस्तारण नहीं हो पा रहा है। जिससे ईट उद्योग लगातार घाटे में जा रहा है। हिन्दुस्तान से ईंट-भट्ठा कारोबारियों ने अपनी समस्स्याएं साझा कीं। सरकारी और निजी क्षेत्र में विकास के लिए नए भवनों, कार्यालयों का निर्माण जरूरी है और इतना ही अहम है ईंट-उद्योग। इन ईंटों से ही अस्पताल, कार्यालय, भवन, नई ...
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