फतेहपुर, नवम्बर 2 -- फतेहपुर। शहर के रामगंज पक्का तालाब में प्रस्तावित श्री जगन्नाथ धाम मंदिर में अब यह तय हो गया है कि पूजा-अर्चना और परंपराएं पूरी तरह पुरी, उड़ीसा की तरह होंगी। मंदिर में विराजमान होने वाली भगवान श्रीजगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा की मूर्तियां काष्ठ (लकड़ी) से निर्मित की जाएंगी। इन्हें पारंपरिक शिल्पकला के माध्यम से उड़ीसा के मूर्तिकारों द्वारा तैयार किया जाएगा। इसकी घोषणा भूमि पूजन में आए जगतगुरु रामभद्राचार्य ने मंच से की है। मंच से बोलते हुए रामभद्राचार्य ने कहा कि यह धाम उत्तर भारत का पहला ऐसा केंद्र होगा, जहां पुरी की परंपरा के अनुसार पूजा, साधना और रथयात्रा का आयोजन होगा। मंदिर परिसर में हर वर्ष जगन्नाथ रथयात्रा का आयोजन किया जाएगा, जिसमें तीनों देवताओं की काष्ठ प्रतिमाएं विशाल रथों पर सवार होकर नगर भ्रमण करेंगी। रथया...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.