जौनपुर, फरवरी 24 -- जफराबाद, हिन्दुस्तान संवाद। टीएफआई के आह्वान पर टीईटी अनिवार्यता के विरोध में शिक्षकों ने सोमवार को अपने कार्यस्थल पर काली पट्टी बांधकर कार्य किया और मांग किया कि जुलाई 2011 के पूर्व नियुक्त शिक्षकों को इससे दूर रखा जाए। कहा कि जब भर्ती हुई थी उस दौरान उन्होंने सारी अर्हता पूरी करते हुए शिक्षक के पद पर नियुक्त हुए। परंतु न्यायालय के एक सितंबर 2025 के निर्णय के द्वारा सभी शिक्षकों के लिए टेट की अनिवार्यता के आदेश से शिक्षकों में घोर निराशा की स्थिति उत्पन्न हो गई है। जिससे शिक्षक चिंतित एवं आक्रोशित हैं। संगठनों ने मांग किया कि सरकार आरटीई एक्ट में 2017 में किए गए संशोधन को रद्द करते हुए अध्यादेश लाकर पूर्व की भाति 2011 से पूर्व में नियुक्त शिक्षकों के लिए टेट की अनिवार्यता को समाप्त करें। सर्वोच्च न्यायालय में शिक्षकों...