मुंगेर, जुलाई 21 -- तारापुर, निज संवाददाता। श्रावणी मेला में कांवरियों की सुविधा के लिए प्रशासन की ओर से जगह-जगह नाश्ता, भोजन आदि की दुकानों को संचालित करने की अनुमति दी गई है। लेकिन इन दुकानों में बड़े पैमाने पर पानी की बर्बादी की जा रही है। दुकानों में भूमिगत जल को दिन-रात मोटर चलाकर बर्बाद किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र में जलस्तर तेजी से नीचे खिसक रहा है। यही नहीं, अनावश्यक रूप से मोटर लगातार चलने से बिजली की भी बर्बादी हो रही है। नतीजतन बार-बार पावर कट की समस्या उत्पन्न हो रही है, जिससे कांवरियों को रात्रि में अंधेरे में यात्रा करनी पड़ रही है। हालांकि, प्रशासन द्वारा अंधेरे से निपटने के लिए जरनेटर की वैकल्पिक व्यवस्था की गई है, लेकिन वह भी हर जगह कारगर साबित नहीं हो रहा है। सावन शुरू होने से पहले एसडीओ की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.