धनबाद, अक्टूबर 3 -- धनबाद। नौ दिनों तक नवदुर्गा अपने भक्तों को रूप, जय, यश, भक्ति और शक्ति देकर विजयदशमी पर विदा हो गईं। हाथी पर सौभाग्य लेकर पहुंचीं मां दुर्गे को श्रद्धालुओं ने नम आंखों से विदाई दीं। एक तरफ भक्तों की आंखें भीगीं तो दूसरी ओर मां दुर्गा बारिश में भीग की विदा हुईं। मां की प्रतिमा को उनके भक्त कहीं कंधे पर तो कहीं डोली पर लेकर सरोवर तक पहुंचे और परंपरागत तरीके से विसर्जन किया। इस दौरान लोगों ने मां से सुख समृद्धि और आरोग्यता की कामना के साथ अगले बरस फिर आने का आह्वान किया। गुरुवार को विजयदशमी पर दुर्गा मंडप में स्थापित सभी प्रतिमाओं का विसर्जन कर दिया गया। वहीं पंडालों में विराजमान कुछ प्रतिमा का विसर्जन शुक्रवार को किया गया तो कई जगहों पर शनिवार को विसर्जन होगा। मां दुर्गे के आगमन और गमन के दौरान उनकी सवारी का विशेष फल होत...
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