बोकारो, अप्रैल 4 -- कलियुग में श्रीराम कथा ही भवसागर पार करने का एकमात्र माध्यम है। उक्त बातें अयोध्या से पधारे संत शिरोमणि आचार्य रामायण शास्त्री महाराज ने चंदनकियारी के घांघरागौड़ा में आयोजित श्री श्री 1008 रूद्र महारूा सह शिवलिंग प्राण प्रतिष्ठा समारोह में उपदेशवाणी के दौरान कही। दुनिया में 12 असंभव कार्य है जो संभव हो सकता है परंतु बिनु हरि भजन के भव सागर पार होना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि कछुए के पीठ पर बाल उग सकता है,बांझ का पुत्र किसी को मार सकता है,आसमान में फूल खिल सकता है,मृगतृष्णा से प्यास बुझ सकती है,खरगोश का सिंग निकल सकता है,रात्रिकाल सूरज को ढ़क सकता है,बर्फ में आग लग सकता है। बारी को मथने से घी निकल सकता है,बालू से तेल निकल सकता है। परंतु श्री राम भजन के बिना मुक्ति संभव नहीं है। रामायण शास्त्री ने कहा कि हनुमान का जन्...
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