बिजनौर, जुलाई 6 -- स्थानीय इमाम बारगाह कोतवाली देहात से एक जुलूसे अलम निकाला गया, जिसमें नौहाख्वानी और मातम करते हुए कर्बला के शहीदों को याद किया गया। जुलूस मुख्य चौराहे पर आकर एक सभा में परिवर्तित हो गया जिसमें सभा को संबोधित करते हुए मौलाना शिकोह हैदर साहब ने कहा कि इमामे हुसैन अगर खा़मोश रहते तो आने वाली नस्ले ज़ुल्म को इस्लाम का हिस्सा समझ बैठती उनकी कुर्बानी ने हमेशा के लिए ये पैगा़म दिया है की बातिल के खिलाफ़ खड़े होना ही हकीक़ी दीन है। जुलूस अपने निर्धारित मार्गों से होता हुआ कर्बला पर जाकर संपन्न हुआ। जुलूस में ज़िशान हैदर आज़म ज़ैदी रविश, उम्मेद हसन अब्बास दानिश नाज़ आदिल वजाहत व शान आदि ने नौहा पढ़ा। जुलूस में क़मर अब्बास, मौ. हैदर, ज़हीर हैदर, लक़ा हैदर, समर बाबर, नवाब हैदर्र सुहेल बाकर्र शारिक़ तथा ग्राम प्रधान जिला पंचायत सदस...