बांका, सितम्बर 8 -- धोरैया (बांका), संवाद सूत्र। धोरैया प्रखंड अंतर्गत गचिया बसबिट्टा पंचायत के कचराती गांव में सरकार की महत्वाकांक्षी नल-जल योजना आज ग्रामीणों के लिए राहत के बजाय परेशानी का कारण बन गई है। वार्ड संख्या 4 में करीब 15 लाख रुपये की लागत से बनी इस योजना का उद्देश्य गांव की लगभग 300 की आबादी को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराना था, परंतु आज यह योजना पूरी तरह से निष्क्रिय होकर शोभा की वस्तु बनकर रह गई है। गांव के जलमीनार से पिछले छह माह से पानी की आपूर्ति पूरी तरह ठप है, जिसके कारण ग्रामीणों के बीच पेयजल संकट गहराता जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि जब यह योजना शुरू हुई थी तो उन्हें विश्वास था कि अब उन्हें पेयजल के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। गांव में घर-घर पाइपलाइन बिछाकर नल लगाए गए, जिससे लोग अपनी प्यास बुझाने और घरेलू जरूरतों को पूरा करन...
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