देवरिया, जनवरी 10 -- देवरिया, निज संवाददाता। ग्रामीण अंचल के ओवरहेड टैंकों की साफ-सफाई रामभरोसे है। कई जगहों पर ओवरहेड टैंकों की सफाई हुए वर्षों बीत गए हैं। पथरदेवा के एक गांव में पांच साल से ओवरहेड टैंक की सफाई ही नहीं हुई है। टैंक के नीचे पानी के चेंबर खुले पड़े हैं। जिम्मेदारों की लापरवाही से लोग दूषित जल पीने को मजबूर हैं। हाल ही में इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित जल पीने से कई लोगों की मौत हो चुकी है। इस घटना के बाद भी जिला प्रशासन नहीं जगा है। जल जीवन मिशन के तहत जिले के विभिन्न ग्राम पंचायतों में करीब 5 सौ ओवरहेड टैंकों से लोगों को शुद्ध पेय जल उपलब्ध कराने का दावा किया जा रहा है, जबकि धरातल पर ओवरहेड टैंकों की हकीकत कुछ और ही है। अधिकतर ओवरहेड टैंक बदहाली और गंदगी के शिकार हैं। सूत्र बताते हैं कि ओवरहेड टैंकों की सफाई नियमित नहीं ह...