चमोली, अगस्त 25 -- Chamoli Cloudburst: चमोली जिले के थराली में 22 अगस्त की रात आए सैलाब के संकेत शाम छह बजे शुरू हुई बारिश के बाद ही मिलने लगे थे। पीड़ितों की मानें तो उन्होंने ऐसी बारिश पहले कभी नहीं देखी। रात करीब साढ़े 12 बजे भयंकर धमाके के साथ तेज बहाव में आए मलबे ने तबाही के रूप में थराली कस्बे में दस्तक दी। वक्त रहते ऊपरी क्षेत्र में बसे टुनरी गांव के लोगों ने फोन कर सचेत कर दिया, जिससे अधिक जनहानि होने से बच गई लेकिन लोगों की जीवनभर की कमाई से खड़े मकान-दुकान जमींदोज हो गए। उन्हें अब इस आपदा से उबरने में सालों लगेंगे। 'हिन्दुस्तान' के संवाददाता विनोद मुसान और क्रांति भट्ट ने कुछ आपदा पीड़ितों से बात कर उनका दर्द जाना।मेरी दुकान बर्बाद हो गई अब आगे क्या करूंगा थराली के बलवीर रावत बताते हैं, पड़ोस में रहने वाले वकील साहब जय सिंह बिष्...
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