हमीरपुर, नवम्बर 26 -- राठ, संवाददाता। एसआईआर कार्य में जल्दबाजी से मतदाता अपने मताधिकार से वंचित हो जाएंगे। क्योंकि ग्रामीण क्षेत्र का ज्यादातर मतदाता काम की तलाश में ईंट-भट्ठों व महानगरों को निकल चुका है। उन्होने एसआईआर कार्य जुलाई तक बढ़ाये जाने की मांग की है। कांग्रेस पार्टी के जिलाध्यक्ष गोविंद अहिरवार ने प्रेस वार्ता के माध्यम से बताया कि यूपी में जितनी जल्दबाजी से एसआईआर कार्य किया जा रहा है। जिससे एसआईआर अपने उद्देश्य से भटक रहा है। जल्दबाजी का परिणाम है कि बिहार में यह प्रणाली लागू की और 70 लाख मतदाता ऐसे हो गए उनके नाम काट दिए गए और वह अपना मतदान नहीं कर सके। जल्दबाजी से लोकतंत्र खत्म होता जा रहा है। यूपी में ग्रामीण इलाकों के लोग मजदूरी करने ईट भट्टों और बड़े नगरों में गए हुए हैं। एसआईआर का उद्देश्य तो यह है कि मतदाताओं को रोका जा...