गंगापार, नवम्बर 30 -- मतदाता सूची के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान को लेकर कस्बे में अल्पसंख्यक वर्ग सहित आम मतदाताओं में जबरदस्त भ्रम की स्थिति बनी हुई है। पुराने मतदाता, जिनका नाम 2003 की सूची में दर्ज रहा है और जिन्होंने निर्धारित फार्म भरकर जमा भी कर दिया है, वे भी लगातार आशंकाओं में घिरे हैं। कई मतदाता आपस में पूछते फिर रहे हैं कि कहीं बीएलओ ने उनका अपडेशन ऑनलाइन कैटेगरी-तीन में तो दर्ज नहीं कर दिया। कई पुराने वोटरों का कहना है कि 2003 से नाम सूची में है, पर 2025 में नाम कट जाने के कारण उन्हें प्रपत्र उपलब्ध नहीं कराया गया। जिसमें मुमताज जैसे अनेकों मतदाता परेशान हैं कि अब क्या किया जाए। कुछ लोगों ने फार्म जमा करने के बाद भी अपने बीएलओ की तलाशते हैं ताकि पता चल सके कि उनका अपडेशन सही ढंग से हुआ या नहीं। सबसे चिंताजनक स्थिति...