बिजनौर, मार्च 26 -- 3 करोड़ 11 लाख के घोटाले की विवेचना को आर्थिक अपराध शाखा की टीम मंगलवार को सीएमओ दफ्तर फिर से पहुंची। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों और कर्मचारियों से पूछताछ के साथ ही केस के वादी एसीएमओ के बयान दर्ज किए गए। टीम ने कुछ अभिलेखों की सत्यापित कॉपी भी हासिल की। सीएमओ दफ्तर में आर्थिक अपराध अनुसंधान की टीम दूसरे दिन भी छानबीन में लगी रही। टीम में शामिल विवेचक राजीव चौधरी और निरीक्षक सुधीर कुमार ने मुकदमें के वादी एसीएमओ डॉ पीआर नायर से संपर्क किया। डॉक्टर नायर अपने पुराने बयान पर ही कायम रहे और टीम को लिखित बयान की कॉपी सौंपी। उक्त बयान को विवेचना में शामिल कर लिया गया है। इसके अलावा चीफ फार्मासिस्ट, डीपीएम, नोडल अफसर डिप्टी सीएमओ डॉ अनिल कुमार सिंह व डाटा ऑपरेटर शहबाज से पूछताछ की। विभाग के दो रजिस्टरों की सत्यापित कॉपी भी...
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