मुरादाबाद, फरवरी 10 -- सामूहिक विवाह योजना घोटाले में सचिव मोहरे हैं। इसमें मुख्य किरदार विभागीय एडीओ और बीडीओ रहे हैं। मूढापांडे ब्लाक के अलावा भी जिले के अन्य ब्लाकों में भी जांच गहनता से होगी ऐसे संकेत मिले हैं। हो सकता है अभी कुछ और नामों का खुलासा हो जाए। अभी तक समाज कल्याण विभाग के एक एडीओ जो पहले से मुख्यालय अटैच हैं उनके विरुद्ध पत्र शासन को भेजा गया है। उनके लिए विभागीय जांच की भी संस्तुति की गई है वहीं दूसरी ओर मूढापांडे ब्लाक के बीडीओ को भी दोषी मानते हुए जांच रिपोर्ट के आधार पर एक्शन लिया गया है। बीडीओ समेत दोनों अफसरों का वेतन रोका गया। साथ ही विभागीय जांच भी होगी। विभागीय सूत्रों का कहना है कि ग्राम पंचायत और ग्राम्य विकास विभाग के सचिव सिर्फ मोहरा भर हैं। ब्लाक और जिला स्तर के अधिकारियों से साठ गांठ कर इस मामले में गड़बड़ी ...