कानपुर, नवम्बर 18 -- कानपुर। बहराइच से आया बाघ कानपुर चिड़ियाघर में असहज महसूस कर रहा है, जिसके चलते तीसरे दिन तक भोजन नहीं कर रहा है। भोजन में परोसे गए मांस का एक-दो निवाला लेकर मुंह मोड़ ले रहा है। बहराइच में गुरुवार को बाघ ने एक किसान का शिकार कर दिया था। शुक्रवार को वन विभाग की टीम ने रेस्क्यू किया था। शनिवार को बाघ कानपुर चिड़ियाघर लाया गया। चिड़ियाघर स्थित पशु चिकित्सालय में पिंजड़े से बाहर बाड़े में बाघ को रखा गया है। बाघ किशोर उम्र 2-3 वर्ष का है। चिड़ियाघर के निदेशक डॉ. कन्हैया पटेल ने बताया कि बाघ को खाने में मांस परोसा जा रहा है, लेकिन एक-दो निवाला ही खा रहा है। पानी पूरा पी रहा है। पूरी तरह स्वस्थ है। अब दहाड़ नहीं लगा रहा है, शांत बैठा हुआ है।

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