अलीगढ़, जुलाई 6 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी ओल्ड बॉयज़ एसोसिएशन अलीगढ़ ने एक बार फिर अपने उस रिवायत को कायम रखा जो बीते पांच दशकों से आशूरा के मौके पर अमन, भाईचारे और इत्तेहाद का पैग़ाम देती आई है। एसोसिएशन ने आशूरा के मौके पर हर साल की तरह इस बार भी इमाम हुसैन की शहादत को याद करते हुए उनके द्वारा दिए गए सब्र, इंसाफ़, और इंसानियत के पैग़ाम को दोहराया गया। अलीगढ़ शहर मुफ्ती खालिद हमीद ने कहा कि कर्बला सिर्फ एक तारीखी वाक़या नहीं, बल्कि इंसानियत, सच्चाई और न्याय के लिए डट जाने की अमर कहानी है। इमाम हुसैन ने ज़ुल्म और तानाशाही के खिलाफ खड़े होकर यह दिखा दिया कि कुर्बानियां देकर भी हक़ की राह नहीं छोड़ी जाती। शहर मुफ्ती ने कहा कि आशूरा हमें आत्मनिरीक्षण और आपसी मोहब्बत का संदेश देता है। सुन्नी-शिया के बीच जो इत्तेह...
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