नैनीताल, सितम्बर 13 -- हाईकोर्ट ने नंधौर, गौला, कोसी, गंगा, दाबका समेत अन्य नदियों में बरसात के समय हो रहे भू-कटाव और बाढ़ से नदियों के मुहाने अवरुद्ध होने के कारण आबादी क्षेत्रों में जलभराव, भू-कटाव होने के मामले में शुक्रवार को सुनवाई की। पूर्व के आदेश पर राज्य सरकार के आला अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कोर्ट में पेश हुए। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जी. नरेंदर एवं न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कोर्ट में पेश हुए अधिकारियों के बयान पर नाराजगी जताई। साथ ही अधिकारियों से अवैध खनन और नदियों के चैनलाइजेशन को लेकर विस्तृत एक्शन प्लान पेश करने को कहा है। सुनवाई पर खनन से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी वीसी के माध्यम से पेश हुए। उन्होंने अपना पक्ष रखा, लेकिन कोर्ट उनके तर्कों से सहमत नहीं हुई। कोर्ट ने सरका...
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