बलरामपुर, जून 3 -- बलरामपुर, संवाददाता। धुसाह गांव में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन गोकर्ण उपाख्यान का वर्णन किया गया। कथा व्यास आचार्य जगन्नाथ प्रसाद पांडेय ने भक्ति, ज्ञान और वैराग्य का महत्व बताया। कहा कि ईश्वर की प्राप्ति के लिए भक्ति ही एक सहज मार्ग है। कथा व्यास ने कहा कि बिना भक्ति के मानव जीवन का उद्धार नहीं हो सकता। ज्ञान और वैराग्य के मार्ग में भक्ति के सहारे ही भक्त अग्रसर हो सकता है। उन्होंने कहा कि संत का मिलना ईश्वर की कृपा है और गुरु ही हमारे जीवन में गोकर्ण है। कथा व्यास ने कहा कि भागवत कथा जीवन के पाप कर्मों से मुक्ति प्रदान करने वाली कथा है। इसे सुनने से मात्र से सारी व्यथा दूर हो जाती है। गुरु की वाणी ही भागवत का श्लोक है, जिसे सुनकर मनुष्य पाप कर्मों से मुक्ति प्राप्त कर लेता है। कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्...
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