नई दिल्ली, जून 21 -- भारत ऐसा देश है जहां दुनियाभर के सताए हुए लोग भी फल-फूल रहे हैं। पारसी धर्म (Zoroastrianism) के लोगों ने भी भारत में खूब उन्नति की है। देश के विकास में उनके योगदान को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। भारत की औद्योगिक क्रांति में पारसियों का बड़ा योगदान रहा है। इन पारसी हस्तियों में जमशेदजी टाटा और रतन टाटा जैसे लोगों का नाम शामिल है। पारसी धर्म की स्थापना छठी शताब्दी ईसा पूर्व में मानी जाती है। इसकी स्थापना करने वाले पैगंबर जरथुस्त्र थे। उस समय ईरान को पारस या फिर पर्शिया कहा जाता था। यह धर्म पारस में ही फल-फूल रहा था। पारसी धर्म एकेश्वरवाद वाले धर्मों में सबसे पुराना माना जाता है। पारसियों का मानना है कि हर शख्स के मरने के बाद उसकी आत्मा को न्याय का सामना करना पड़ता है। पारसी अग्नि की पूजा भी करते हैं। तीसरी शताब्दी मे...
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