गुमला, नवम्बर 10 -- विशुनपुर प्रतिनिधि। गुमला जिले के विशनपुर प्रखंड अंतर्गत आदिम जनजाति बाहुल्य हिसिर, हाडुप ,जालिम सेरेंदाग मुख्य - पथ की हालत बद से बदतर हो गई है। जहां चलने में आपके पैरों में छाले हो जाएंगे। या आपके रोंगटे खड़े हो जाएंगे। पथ के जर्जर होने से आदिम जनजाति परिवारों को आवागमन करने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है । चौंकाने वाली बात यह है कि इस क्षेत्र में बड़े पैमाने पर बॉक्साइट खनन कार्य किया जा रहा है। सरकार को लाखों रुपए का राजस्व प्रतिदिन बॉक्साइड खनन से प्राप्त होती है ,परंतु जर्जर पथ को लेकर न तो कंपनी को ही कोई चिंता है और न ही सरकार इस दिशा में कोई ठोस पहल कर रही है । इटकीरी से सेरेंदाग की दूरी 25 किमी है । जहां जाने में ग्रामीणों को महज आधा घंटा की जगह डेढ़ घंटा का समय तय करना पड़ रहा है। यही हाल विशुनपुर...
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